Skip to content

समाज में मिलावट ना हो, एकता का संग। सबको समझो

1. समाज में मिलावट ना हो, एकता का संग।  
   सबको समझो, बनो एक सुखी जीवन के रंग।
2. भाईचारा बढ़ाओ, छोड़ो दुर्भाव।  
   प्रेम की बातें करो, बनाओ सुख-शांति का संसार।
3. समृद्धि के मार्ग में, सबको सहारा दो।  
   दुःखों को हटाओ, प्रेम और सहमति से भरो जीवन की बोट।
4. न्याय की राहों में, बने समृद्धि का मार्ग।  
   भेदभाव को हटाओ, बनो एक समृद्धि समुदाय का भाग।
5. सहानुभूति बढ़ाओ, करो दया का सागर।  
   बच्चों को शिक्षित बनाओ, बनो समृद्धि का एक अच्छा यार।
6. विविधता को स्वीकार करो, रंग-बिरंगी विचारधारा।  
   अपनाओ भलाई की बातें, बनो समृद्धि का साकार।
7. समाज में सहजता बनाए रखो, अपनों के साथ।  
   समृद्धि की राह में, चलो मिलकर बढ़ाओ कदम।
8. साझा करो खुशियाँ, बाँटो दुःख को।  
   सबको समझो, बनो समृद्धि का मित्र।
9. अपने कर्मों से, बनो एक उदाहरण।  
   समृद्धि के लिए, रखो एक-दूसरे का समर्थन।
10. प्यार और समझदारी से, बढ़ाओ समृद्धि का सागर।  
    सामाजिक बोंडस को मजबूती से बाँधो, बनो एक सबके लिए सहारा।