घर घर, जहाँ होता है सुख-शांति का वास, चिरपिंग चिरियों की मिठास, सर्दी की राहत। खुदाई में छुपा है प्यार और सजीवता, घर ही तो है, जहाँ बनता है रिश्तों का संसार।